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B.S.H.S SCHOOL · UPSC EDITORIAL ANALYSIS

अध्ययन संग्रह — यह पुरानी घटना पर आधारित विश्लेषण है, आज की खबर नहीं।

सुपरकंप्यूटिंग: स्थापित क्षमता और विस्तार के लक्ष्य में स्पष्ट अंतर

घटना / स्रोत की तारीख: 04 Oct 2026

GS 3: विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी—विकास, अनुप्रयोग और दैनिक जीवन पर प्रभाव; विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी में भारतीयों की उपलब्धियाँ; प्रौद्योगिकी का स्वदेशीकरण और नई प्रौद्योगिकी का विकास।

4 अक्टूबर की PIB व्याख्या में सितंबर 2026 तक 68 PF क्षमता वाले 40 स्थापित सुपरकंप्यूटर बताए गए हैं। 123 PF से अधिक क्षमता वाले कुल 50 उपकरण अभी लक्ष्य हैं; मिशन अनुसंधान की पहुँच और घरेलू तकनीकी क्षमता को जोड़ता है।[1]

पहले विषय को समझें

1

कंप्यूटिंग अवसंरचना की आवश्यकता

मिशन ऐसे अनुसंधान को सहायता देता है जिसमें बड़े पैमाने पर गणना आवश्यक होती है। PIB दवा खोज, मौसम, प्रदूषण, बाढ़, वनाग्नि और पदार्थों के अनुकरण जैसे अनुप्रयोग बताता है।[1]

2

HPC का अर्थ

उच्च-प्रदर्शन कंप्यूटिंग (HPC) में अनेक प्रोसेसर या कंप्यूटिंग नोड कठिन गणनाओं पर एक साथ काम करते हैं। इस समानांतर प्रसंस्करण के लिए नोडों के बीच तेज संचार आवश्यक है।

सर्वर, अंतरसंपर्क, शीतलन और सॉफ्टवेयर मिलकर कंप्यूटिंग व्यवस्था को सहारा देते हैं।[1]

3

सत्यापित शुरुआत

राष्ट्रीय सुपरकंप्यूटिंग मिशन अप्रैल 2015 में शुरू हुआ। पुराने PIB विवरण और वर्तमान व्याख्या दोनों में अनुसंधान की पहुँच तथा घरेलू तकनीकी क्षमता इसके उद्देश्यों में शामिल हैं।[1][2]

4

संस्थागत व्यवस्था

विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग (DST) तथा इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) संयुक्त रूप से मिशन का संचालन करते हैं। प्रगत संगणन विकास केंद्र (C-DAC) और भारतीय विज्ञान संस्थान (IISc) क्रियान्वयन करते हैं।

राष्ट्रीय ज्ञान नेटवर्क (NKN) सहभागी शैक्षणिक और अनुसंधान केंद्रों को जोड़ता है।[1]

5

कार्य और सीमाएँ

मिशन स्थापना के साथ महत्वपूर्ण घटकों के घरेलू निर्माण और अनुसंधान की पहुँच को जोड़ता है। स्थापित क्षमता अवसंरचना बताती है; वह प्रत्येक अनुप्रयोग की सटीकता या व्यावहारिक सफलता स्वतंत्र रूप से सिद्ध नहीं करती।[1][2]

6

इकाइयाँ और वर्तमान स्थिति

FLOPS का अर्थ प्रति सेकंड फ्लोटिंग-पॉइंट संक्रियाएँ है। एक पेटाफ्लॉप्स (PF) प्रति सेकंड 10^15 फ्लोटिंग-पॉइंट संक्रियाओं के बराबर है।

सितंबर 2026 तक PIB ने 68 PF वाले 40 स्थापित उपकरण बताए; 123 PF से अधिक क्षमता वाले कुल 50 उपकरण नियोजित हैं।[1]

संदर्भ: यह विषय क्यों महत्वपूर्ण है

वर्तमान घटनाक्रम 4 अक्टूबर की व्याख्यात्मक सामग्री का प्रकाशन है, मिशन या उसमें शामिल प्रत्येक मशीन का नया उद्घाटन नहीं। स्थापना संबंधी आँकड़े सितंबर 2026 की स्थिति बताते हैं। यह अंतर सामग्री के प्रकाशन और अवसंरचना की वास्तविक स्थिति दोनों को समझने में सहायक है। मिशन का पुराना इतिहास उपयोगी है, लेकिन पुराने स्थापना आँकड़े अधिक हाल के आँकड़ों का स्थान नहीं ले सकते। इसी प्रकार विस्तार के लक्ष्य को पहले से स्थापित क्षमता से अलग रखना आवश्यक है।[1][2]

परिचय

राष्ट्रीय सुपरकंप्यूटिंग मिशन अवसंरचना निर्माण को महत्वपूर्ण तकनीकों के घरेलू डिजाइन, निर्माण और उपयोग से जोड़ता है। इसकी निर्माण रणनीति के तीन समवर्ती चरण हैं: संयोजन, निर्माण तथा डिजाइन और निर्माण सहायता। ये क्षमता-विकास की साथ चलने वाली गतिविधियाँ हैं, पूरी तरह क्रमिक प्रक्रिया नहीं। समानांतर गणना के लिए नोडों के बीच कुशल संचार, शीतलन और सॉफ्टवेयर भी आवश्यक हैं। अनुसंधान की पहुँच इस तकनीकी संरचना को कठिन गणनाओं वाले वैज्ञानिक और सार्वजनिक नीति संबंधी प्रश्नों पर काम करने वाले संस्थानों से जोड़ती है।[1][2]

प्रमुख मुद्दे

  • अद्यतन विवरण को समझने में क्षमता का अंतर केंद्रीय है। PIB के अनुसार 68 PF संयुक्त क्षमता वाले 40 सुपरकंप्यूटर स्थापित हैं, जबकि कुल 50 उपकरणों और 123 PF से अधिक क्षमता का लक्ष्य है। बड़े आँकड़े इसलिए अपेक्षित अंतिम स्थिति बताते हैं, प्राप्त उपलब्धता नहीं। FLOPS फ्लोटिंग-पॉइंट गणना की दर मापता है; यह सीधे पूर्वानुमान की सटीकता, उपयोगी खोज या सार्वजनिक सेवा में सुधार नहीं मापता। अवसंरचना उपलब्ध होने के बाद भी अनुप्रयोग के परिणामों के लिए अलग प्रमाण आवश्यक हैं।[1]

महत्व

  • अनुप्रयोग गणना-क्षमता को विशिष्ट उद्देश्य देते हैं। PIB दवा खोज के लिए अणुओं की जाँच, शहरी मौसम और प्रदूषण के विस्तृत मॉडल, महानदी बेसिन में बाढ़ पूर्वानुमान तथा उपग्रह अवलोकनों को अनुकरण से जोड़ने वाली वनाग्नि मॉडलिंग बताता है। इन कार्यों में बड़े आँकड़ों का प्रसंस्करण या जटिल परिस्थितियों की तुलना होती है। रुद्र सर्वर गणना करते हैं, अंतरसंपर्क नोडों के बीच आँकड़े पहुँचाता है तथा शीतलन और सॉफ्टवेयर संचालन में सहायता देते हैं। इसलिए यह तंत्र घरेलू घटकों को विशिष्ट अनुप्रयोगों से जोड़ता है; हार्डवेयर उत्पादन ही इसका एकमात्र उद्देश्य नहीं है।[1]

चुनौतियाँ और संतुलित विश्लेषण

  • प्रभावी उपयोग के लिए ऐसा कार्यबल चाहिए जो गणना संबंधी समस्याएँ तैयार कर सके और प्रणालियों का उपयोग कर सके। PIB के अनुसार 400 से अधिक संस्थानों के 16,000 से अधिक शोधकर्ताओं को सहायता मिली, जिनमें 2,900 से अधिक पीएचडी शोधार्थी हैं। प्रशिक्षण में कार्यशालाएँ, व्यावहारिक बूटकैंप, संकाय विकास और ऑनलाइन अध्ययन संसाधन शामिल हैं। NKN संस्थानों के बीच संसाधन साझा करने में सहायक है। नीतिगत चुनौती बढ़ते उपयोगकर्ता आधार को उपयुक्त कौशल और तकनीकी सहायता से जोड़ना है, ताकि पहुँच विशेष कंप्यूटिंग विभागों से आगे अन्य विषयों तक जाए।[1]

आगे की राह

  • मूल्यांकन अवसंरचना, पहुँच, कौशल और अनुप्रयोग प्रदर्शन को जोड़े। स्थापित क्षमता और विस्तार लक्ष्य अलग रहें; घटकों के विवरण में घरेलू डिजाइन तथा निर्माण पहचाने जाएँ। उपयोगकर्ताओं के लिए विभिन्न संस्थानों की भागीदारी और व्यावहारिक प्रशिक्षण उपयोगी मूल्यांकन श्रेणियाँ हैं। अनुप्रयोगों में देखा जाए कि गणना-संसाधन अणुओं की जाँच, पर्यावरण मॉडलिंग या पदार्थों के अनुकरण में कैसे सहायता देते हैं। इन श्रेणियों को जोड़ने से पता चलेगा कि अतिरिक्त मशीनें, बेहतर सॉफ्टवेयर, प्रशिक्षण अथवा अनुसंधान नेटवर्क तक पहुँच किसी विशिष्ट बाधा को कहाँ संबोधित कर सकती है।[1][2]

निष्कर्ष

मिशन का नीतिगत महत्व घरेलू कंप्यूटिंग तकनीक, साझा अनुसंधान अवसंरचना और विशिष्ट अनुप्रयोगों के संयोजन में है। क्षमता-विकास के समवर्ती चरण अलग तकनीकी आवश्यकताएँ संबोधित करते हैं; प्रशिक्षण और NKN संपर्क प्रणालियों के उपयोग की क्षमता बढ़ाते हैं। सितंबर के स्थापना आँकड़े अवसंरचना का दिनांकित आधार देते हैं। आगे का मूल्यांकन इस आधार को शोधकर्ताओं की पहुँच और विशिष्ट अनुप्रयोगों की जरूरत से जोड़े। इससे सुपरकंप्यूटिंग की प्रगति तकनीकी क्षमता तथा उसके व्यावहारिक वैज्ञानिक उपयोग, दोनों के माध्यम से समझी जा सकेगी।[1][2]

प्रारंभिक परीक्षा हेतु तथ्य

  • FLOPS गणना की दर मापता है; यह अनुप्रयोग की सटीकता या प्राप्त सामाजिक लाभ से अलग है।[1]
  • NKN संपर्क, स्थापित मशीनें और HPC सॉफ्टवेयर की परतें तंत्र में अलग भूमिकाएँ निभाते हैं।[1]

मुख्य परीक्षा अभ्यास प्रश्न

राष्ट्रीय सुपरकंप्यूटिंग मिशन अनुसंधान अवसंरचना और घरेलू तकनीकी क्षमता को किस प्रकार जोड़ता है? मशीनों की संख्या से आगे प्रगति आँकने की रूपरेखा सुझाइए। (10 अंक; सुझाई गई उत्तर-लंबाई: 150 शब्द)

आदर्श उत्तर

अप्रैल 2015 में शुरू राष्ट्रीय सुपरकंप्यूटिंग मिशन गणना-अवसंरचना, अनुसंधान की पहुँच और घरेलू क्षमता को जोड़ता है। DST और MeitY संयुक्त संचालन करते हैं तथा C-DAC और IISc क्रियान्वयन करते हैं। इसकी निर्माण रणनीति में संयोजन, निर्माण तथा डिजाइन और निर्माण सहायता के चरण साथ चलते हैं।[1][2]

रुद्र सर्वर, अंतरसंपर्क, शीतलन तकनीक और HPC सॉफ्टवेयर की परतें व्यवस्था के विभिन्न हिस्सों में योगदान दर्शाती हैं। NKN सहभागी अनुसंधान केंद्रों को जोड़ता है। अनुप्रयोगों में दवा खोज, पदार्थों का अनुकरण, मौसम और प्रदूषण मॉडलिंग, बाढ़ पूर्वानुमान तथा वनाग्नि मॉडलिंग शामिल हैं।[1]

मूल्यांकन पहले स्थापना और लक्ष्य अलग करे: सितंबर 2026 में 68 PF वाले 40 उपकरण स्थापित थे; 123 PF से अधिक वाले 50 उपकरण नियोजित हैं। फिर वास्तविक घरेलू घटकों, शोध की पहुँच और अनुप्रयोग के प्रदर्शन को देखे। FLOPS गणना-दर बताता है, सटीकता नहीं। यह रूपरेखा अवसंरचना की प्रगति स्वीकारते हुए वैज्ञानिक तथा सार्वजनिक लाभ के अलग प्रमाण माँगती है।[1]

महत्वपूर्ण शब्द

  • FLOPS: प्रति सेकंड फ्लोटिंग-पॉइंट गणनाएँ; गणना की दर का माप।[1]
  • अंतरसंपर्क: कंप्यूटिंग संरचना के भीतर संचार में सहायक संपर्क तकनीक।[1]
  • HPC सॉफ्टवेयर की परतें: उच्च-प्रदर्शन कंप्यूटिंग के संचालन और अनुप्रयोग में प्रयुक्त सहायक सॉफ्टवेयर।[1]

स्रोत एवं तथ्य-जाँच

  1. India’s Rising Supercomputing Ecosystem
  2. National Supercomputing Mission deployment and indigenous components

UPSC Prelims अभ्यास प्रश्न

इस संपादकीय पर आधारित मौलिक अभ्यास प्रश्न

प्रश्न 1

सुपरकंप्यूटिंग के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. समानांतर प्रसंस्करण में अनेक प्रोसेसर एक गणना संबंधी समस्या पर एक साथ काम कर सकते हैं। 2. एक PF प्रति सेकंड 10^12 फ्लोटिंग-पॉइंट संक्रियाएँ दर्शाता है। 3. तेज अंतरसंपर्क बड़े पैमाने की गणनाओं के दौरान नोडों के बीच आँकड़ों के आदान-प्रदान में सहायता करता है। कितने कथन सही हैं?

  1. केवल एक
  2. केवल दो
  3. सभी तीन
  4. कोई नहीं
उत्तर और व्याख्या देखें

सही उत्तर: (B)

कथन 1 और 3 सही हैं: एक साथ प्रसंस्करण और नोडों के बीच तेज संचार बताई गई विशेषताएँ हैं। कथन 2 गलत है: एक PF प्रति सेकंड 10^15 संक्रियाएँ है; 10^12 एक TF के बराबर है। B दोनों सही कथन गिनता है; A कम गिनता है, C में कथन 2 है और D दोनों सही कथन नकारता है।[1]

प्रश्न 2

निम्नलिखित भूमिका–संस्था अथवा घटक युग्मों पर विचार कीजिए: 1. मिशन का संयुक्त संचालन — DST और MeitY 2. मिशन का क्रियान्वयन — C-DAC और IISc 3. सहभागी अनुसंधान केंद्रों का संपर्क — NKN कितने युग्म सही सुमेलित हैं?

  1. केवल एक
  2. केवल दो
  3. सभी तीन
  4. कोई नहीं
उत्तर और व्याख्या देखें

सही उत्तर: (C)

सभी तीन युग्म अलग प्रमाणित भूमिकाएँ बताते हैं: DST और MeitY संयुक्त संचालन करते हैं; C-DAC और IISc क्रियान्वयन करते हैं; NKN सहभागी अनुसंधान केंद्रों को जोड़ता है। A और B सही मिलान छोड़ते हैं, जबकि D सभी को अस्वीकार करता है।[1]

प्रश्न 3

एक शोध दल NSM के बताए गए अनुप्रयोग से वनाग्नि के फैलाव का मॉडल बनाना चाहता है। कौन-सा संयोजन उसकी बताई गई प्रक्रिया से सबसे अधिक मेल खाता है?

  1. उपग्रह से आग के स्थान के अवलोकन और पहले जल चुके क्षेत्र का मानचित्रण, जिसमें मानचित्रित क्षेत्र को फैलाव का पूर्वानुमान माना जाए
  2. आग के ऐतिहासिक अवलोकन और गणना आधारित मॉडलिंग, जिसमें क्षेत्रीय परीक्षण को वर्तमान उपग्रह अवलोकन अनावश्यक होने का प्रमाण माना जाए
  3. उपग्रह सुदूर-संवेदन अवलोकन और गणना आधारित फैलाव मॉडलिंग, साथ में मॉडल का क्षेत्रीय परीक्षण
  4. उपग्रह सुदूर-संवेदन अवलोकन और गणना आधारित फैलाव मॉडलिंग, जिसमें गणना-क्षमता को पूर्वानुमान की सटीकता का सत्यापन माना जाए
उत्तर और व्याख्या देखें

सही उत्तर: (C)

C PIB के विवरण से मेल खाता है: वनाग्नि फैलाव मॉडल उपग्रह सुदूर संवेदन को गणना आधारित मॉडलिंग से जोड़ता है और HPC से सिक्किम हिमालय जैसे क्षेत्रों में इसका परीक्षण हुआ है। A फैलाव के पूर्वानुमान की जगह पहले जल चुके क्षेत्र का मानचित्रण रखता है। B बिना समर्थन बताए गए उपग्रह इनपुट को हटाता है। D गणना-क्षमता को पूर्वानुमान की सटीकता का सत्यापन मानता है; PIB क्षेत्रीय परीक्षण अलग बताता है।[1]

प्रश्न 4

कथन-I: घरेलू सुपरकंप्यूटिंग क्षमता के मूल्यांकन में सर्वर संयोजन से आगे देखना चाहिए। कथन-II: मिशन की व्याख्या स्वदेशी सर्वरों के साथ अंतरसंपर्क, शीतलन तकनीक और HPC सॉफ्टवेयर की परतों की पहचान करती है। कौन-सा विकल्प सही है?

  1. दोनों कथन सही हैं और कथन-II, कथन-I की व्याख्या करता है
  2. दोनों कथन सही हैं, लेकिन कथन-II, कथन-I की व्याख्या नहीं करता
  3. कथन-I सही है, लेकिन कथन-II गलत है
  4. कथन-I गलत है, लेकिन कथन-II सही है
उत्तर और व्याख्या देखें

सही उत्तर: (A)

दोनों कथन सही हैं। बताए गए योगदान तंत्र के कई हिस्सों में हैं; इससे स्पष्ट होता है कि केवल सर्वर संयोजन घरेलू क्षमता आँकने के लिए पर्याप्त नहीं है। B इस संबंध को नहीं पहचानता; C और D प्रत्येक एक प्रमाणित कथन नकारते हैं।[1]